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गर्भपात के बाद स्वास्थ्य संबंधी सुझाव एवं केयर टिप्स, गर्भपात के बाद भोजन व पेट दर्द

किसी भी महिला के लिए गर्भपात एक दुस्वप्न होता है वो सोचती है कि गर्भपात के बाद क्या करें. गर्भपात के बाद स्वास्थ्य सुधारने हेतु आवश्यक सुझाव (Health care tips after miscarriage in Hindi) के बारे में विस्तार से चर्चा करेंगे.
गर्भपात या मिसकैरेज होना किसी भी महिला के लिए एक दुखद अनुभव होता है. अपने होने वाले बच्चे को इस दुनिया में लाने से पहले ही उसे खो देना किसी भी महिला को निराश और व्यथित कर सकता है. मिसकैरेज या गर्भपात के बाद वह महिला शारीरिक और मानसिक रूप से अस्वस्थ हो जाती है और सोचती है कि गर्भपात के बाद क्या करें. इसलिए मिसकैरेज या गर्भपात के बाद अपना स्वास्थ्य सुधारने के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुझाव आज की पोस्ट में हम आपको देंगे.
गर्भपात के बाद स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण सुझाव एवं केयर टिप्स, गर्भपात के बाद भोजन, गर्भपात के बाद पेट दर्द, अबॉर्शन गर्भपात के बाद क्या करें.

गर्भपात के बाद स्वास्थ्य सुधारने के कुछ महत्वपूर्ण सुझाव व केयर टिप्स
Health care tips for good health after miscarriage abortion in Hindi-

अबॉर्शन या गर्भपात के बाद शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य सुधारने के महत्वपूर्ण सुझाव और गर्भपात के बाद क्या करें संबंधी केयर टिप्स निम्नलिखित है.
  • मिसकैरेज या अबॉर्शन होने के बाद प्रथम 24 घंटे किसी भी महिला को पूर्ण रूप से बेड रेस्ट करना चाहिए. गर्भपात के बाद प्रथम 24 घंटे आराम करना बहुत जरूरी है.
  • अपने मन को समझा कर पीछे जो हुआ है उसे भूल जाने की चेष्टा करें. हालांकि यह आसान नहीं है, लेकिन मानसिक रूप से अपने आप को मजबूत बनाए रखेंगे तो थोड़े दिनों में आप इस दुख से उबरने में सफल हो सकते है.
  • मिसकैरेज या गर्भपात के बाद अपने मन में निराशा को जगह देने के बजाय अपने शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य हेतु सुधारने का प्रयास करें. जिससे कि आपके स्वास्थ्य में जल्दी सुधार हो और आप दोबारा गर्भधारण के लिए तैयार हो सके.
  • गर्भपात या अबॉर्शन के बाद अपने आप को अकेला नहीं रखना चाहिए और अपना ज्यादातर समय परिवार के सदस्यों के साथ ही बिताना चाहिए. क्योंकि इस समय अकेला रहने से आप मानसिक रूप से और अस्वस्थ होती जाएगी. परिवार के अन्य सदस्यों के साथ समय बिताने से आप को इस दुख को भुलने में आसानी होगी.
  • गर्भपात चाहे किसी भी तरह से हो ब्लीडिंग होना निश्चित होता है. यदि बिल्डिंग ज्यादा हो तो डॉक्टर से संपर्क कर उचित दवाई का सेवन करें तथा समय-समय पर पैड चेंज करते रहे.
  • गर्भपात या अबॉर्शन के बाद साफ-सफाई तथा उचित स्वच्छता का ध्यान रखना जरूरी होता है क्योंकि यह अस्वच्छता वजह से होने वाले विभिन्न संक्रमण से बचाव हेतु जरूरी है.
  • मिसकैरेज या गर्भपात के बाद आप शारीरिक और मानसिक रूप से अस्वस्थ होते हैं. लेकिन साथ-साथ आपके पति भी मानसिक रूप से अस्वस्थ हो जाते हैं. इसलिए अपने विचारों को अपने पति के साथ शेयर करें जिससे आप दोनों ही मानसिक रूप से जल्द ही इस दुख को भूलने में सफल होंगे.
  • गर्भपात के बाद महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सुझाव यह है कि आप अपने आहार पर उचित ध्यान रखें. गर्भपात के बाद स्वास्थ्य सुधारने हेतु उचित मिनरल्स वाले भोजन का सेवन करना चाहिए जिससे आपके स्वास्थ्य में जल्दी सुधार हो.
  • अबॉर्शन या गर्भपात के बाद कम से कम 2 सप्ताह तक ज्यादा शारीरिक श्रम नहीं करना चाहिए क्योंकि ज्यादा शारीरिक श्रम करने से ब्लीडिंग बढ़ सकती है. इसके साथ ही आपको भारी समान भी नहीं उठाना चाहिए.
  • गर्भपात के बाद कुछ महिलाओं में पेट दर्द व अन्य शारीरिक कमजोरी महसूस होना आम बात होती लेकिन इस हेतु आप खुद ही दवाई ना लेकर के डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही किसी दवा का सेवन करना चाहिए.
  • इस बार के अबॉर्शन या गर्भपात में जिन समस्याओं का सामना आपने किया है या जिस गलती की वजह से यह सब हुआ है, उसे सुधारने की चेष्टा करते हुए दोबारा गर्भधारण प्लानिंग शुरू कर देनी चाहिए.
  • अबोर्शन या गर्भपात के बाद यदि आप कुछ समय के लिए वापिस गर्भवती नहीं होना चाहते हैं तो आपको डॉक्टर की सलाह लेकर उचित गर्भनिरोधक का इस्तेमाल करना चाहिए.
गर्भपात अबॉर्शन के बाद कमजोरी महसूस होने पर क्या करें.
गर्भपात अबॉर्शन के बाद किसी महिला को कमजोरी या थकान महसूस होना एक आम बात है. अगर आपके साथ भी ऐसा होता है तो आप अपने आहार पर उचित ध्यान देवें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिए और थोड़े दिन बेड रेस्ट करें तथा भारी समान नहीं उठाएं. यदि 2 सप्ताह के बाद भी कमजोरि या थकान कम ना हो तो डॉक्टर से जरूर संपर्क करें.
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गर्भपात के बाद भोजन या अबॉर्शन के बाद क्या खाएं.
अबॉर्शन या गर्भपात किसी भी महिला के लिए एक दुखद त्रासदी होती है, लेकिन साथ ही साथ गर्भपात की वजह से उस महिला के शारीरिक स्वास्थ्य भी खराब हो जाता है. इसलिए अबॉर्शन या गर्भपात के बाद स्वास्थ्य सुधारने हेतु उचित आहार का सेवन करना चाहिए. इस हेतु आपके गर्भपात के बाद भोजन में पर्याप्त मात्रा में मिनरल्स और विटामिन का होना जरूरी होता है. ब्लीडिंग को कम करने हेतु गर्भपात के बाद आयरन युक्त भोजन का सेवन करना चाहिए.
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अबॉर्शन या गर्भपात के बाद पेट दर्द
अबॉर्शन गर्भपात के बाद पेट में ऐठन और पेट दर्द होना एक आम बात है क्योंकि गर्भाशय की सतह से सफाई होने की वजह से पेट में ऐठन महसूस होती है तथा ब्लीडिंग की वजह से पेट दर्द होने लगता है. यदि गर्भपात के बाद पेट दर्द असहनीय होने लगे तो डॉक्टर से संपर्क जरूर करें.
अबोर्शन गर्भपात के बाद स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण सुझाव एवं गर्भपात के बाद केयर टिप्स संबंधी पोस्ट आपको कैसी लगी, हमारे साथ आपके विचार जरूर शेयर करें. इसमें हमने गर्भपात के बाद होने वाले पेट दर्द तथा गर्भपात के बाद भोजन के बारे में विस्तार से बताया है. इस पोस्ट के बाद आपके सवाल गर्भपात के बाद क्या करें का जवाब आपको मिल गया होगा.

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